कर्ज पर कर्ज लेती कमलनाथ सरकार

kamalanaath sarakaar

प्रतिदिन
राकेश दुबे

वचन देकर फंसी मध्यप्रदेश की कमलनाथ सरकार किसान कर्ज माफी के वचन को पूरा करने के लिए कर्ज़ ले रही है |अब सरकार खुद कर्ज में डूबती जा रही है| डेढ़ महीने की इस कांग्रेस सरकार के सामने तीसरा अवसर है जब सरकार ब्याज पर पैसा उठारही है| ब्याज पर आने वाले इस पैसे को वेतन भत्तों के साथ ही कर्ज माफी से जुड़े कामों में इस्तेमाल किया जाएगा| मध्यप्रदेश शासन के वित्त विभाग ने इस कर्ज को लेकर लेकर अपनी मंजूरी भी दे दी है|
karj par karj letee kamalanaath sarakaar
दरअसल, कर्ज को लेकर चालू वित्त वर्ष की बात करें तो अब लिए जा रहे नए कर्ज को मिलाकर इस सरकार और सरकार का कर्ज १४ हजार करोड़ हो जाएगा| जिसमें पिछली सरकार यानी शिवराज सरकार का १० हजार ४०० करोड़ रुपये का कर्ज था और यह कमलनाथ सरकार के इन तीन कर्जों में 3600 करोड़ का कर्ज लिया है |मंत्रीमंडल में शामिल सदस्यों का कहना है कि “कांग्रेस की प्राथमिकता है कि कर्ज के बोझ तले जो किसान आत्महत्या कर रहे किसानो को कैसे भी बचाया जाये|. पिछली सरकार के कार्यकाल में हजारों की संख्या में किसानों ने आत्महत्या की है इसलिए सरकार को चाहे कर्ज ही क्यों न लेना पड़े हम किसानों का कर्ज माफ कर उन्हें आत्महत्या से बचाएंगे|”

शिवराज सरकार के दौरान किसानों के ऋण वितरण घोटाले के बारे में पिछले दिनी मुख्यमंत्री कमलनाथ कह ही चुके है| मुख्यमंत्री कमलनाथ ने साफ़ -साफ कहा है की शिवराज सरकार के दौरान दो से तीन हजार करोड़ रुपए का घोटाला होने का अनुमान है. उन्होंने कहा कि दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी|४५ दिन की कांग्रेस सरकार अब फिर से एक हजार करोड़ का कर्ज लेने की तैयारी में है |इसके पहले १६०० और १००० करोड़ का कर्ज नई सरकार ले चुकी है|

मुख्यमंत्री कमलनाथ का मानना है की उनके मंत्री सादगी से नहीं रहते और जनता से व्यवहार ठीक नही करते | इस कारण मुख्यमंत्री ने अपने मंत्रियों को सादगी का पाठ पढ़ाया है. कैबिनेट की अनौपचारिक बैठक में उन्होंने मंत्रियों को ‘हाऊ टू बिहैव’ भी सिखाया| उन्होंने मंत्रियों को आम लोगों के प्रति अपना व्यवहार नरम रखने की सलाह दी है| कमलनाथ ने मंत्रियों को फिजूलखर्ची से बचने और लग्जरी होटलों में रुकने से बचने की सलाह पहले भी दे चुके है | आने वाले लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर ये नसीहतें दी जा रही हैं | यह भी कहा गया है कि प्रदेश के मंत्री किसी भी आयोजन में शामिल होने से पहले संबंधित लोगों के बारे में पूरी जानकारी जुटा लें| मुख्यमंत्री ने भी कहा है कि एमपी सरकार की छवि को चमकाने के लिए मंत्रियों को सादगीपूर्ण जीवनशैली को अपनाना होगा|

Leave a Response