अमृतसर। अमृतसर के जौड़ा फाटक के पास हुए भीषण रेल हादसे के बाद पंजाब सरकार ने इस घटना की मैजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। हादसे के बाद शनिवार को पंजाब पहुंचे सीएम कैप्टन अमरिंदर ने यहां राजकीय मेडिकल कॉलेज में घायलों से मुलाकात के बाद सरकार का पक्ष रखा है। कैप्टन अमरिंदर से पत्रकारों ने घटना की रात में ही नहीं पहुंच पाने को लेकर सवाल किया। इसपर सीएम ने कहा कि जब सूचना मिली तो वह एयरपोर्ट पर ही थे, आज पंजाब की पूरी कैबिनेट घटनास्थल पर है। उन्होंने कहा कि वीवीआईपी मूवमेंट से राहत कार्य में परेशानी होती।
Amritsar rail accident: CM meets magistrates’ orders after meeting with injured, declares compensation
सिंह ने पत्रकारों को जानकारी देते हुए कहा कि है फिलहाल इस मामले पर आरोप-प्रत्यारोप करने से ज्यादा जरूरी मामले की जांच करना और राहत कार्यों को पूरा करना है। हमने पंजाब सरकार की ओर से मामले की मैजिस्ट्रेट जांच कराने का फैसला किया है और जांच अधिकारियों को चार हफ्ते में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं।
मीडिया से बात करते हुए सिंह ने कहा कि अमृतसर में हुई घटना काफी दुखद है और हमारी संवेदनाएं पीड़ित परिवारों के साथ हैं। सरकार ने मृतकों के परिवार को 5 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की गई है। इस काम के लिए अमृतसर जिला प्रशासन को तत्काल 3 करोड़ रुपये की राशि जारी कर दी गई है। इसके अलावा घायलों को अस्पताल में मुफ्त इलाज देने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि हादसे में मृत लोगों की पहचान की जा रही है और अब सिर्फ 9 शवों की पहचान का काम शेष हैं।
‘..तो राहत कार्यों में प्रशासन को होगी मुश्किल’
वहीं घटना के बाद दूसरे दिन पहुंचने पंजाब पहुंचने के सवाल पर सीएम ने कहा, ‘मैं एयरपोर्ट पर था जब मुझे इस मामले की जानकारी मिली और इसके बाद मैं पंजाब पहुंचा हूं।’ सिंह ने कहा कि सारी रात पंजाब की सरकार के तमाम लोग इस हादसे के राहत कार्यों की मॉनिटरिंग करते रहे हैं लेकिन अगर हर वीवीआईपी व्यक्ति घटनास्थल पर ही जाने लगेगा तो इससे प्रशासन को राहत कार्यों में असुविधा होगी।

