ताज लेक फ्रंट में सतपुड़ा फूड फेस्टिवल

0
5

शशी कुमार केसवानी

देशभर में फूड फेस्टिवल तो आयोजित होते रहते है पर कुछ फेस्टिवल बिल्कुल अलग होते है। ऐसा ही एक फेस्टिवल ताज लेक फ्रंट भोपाल में 1 अक्टूबर से 7 अक्टूबर तक आयोजित किया गया है। ये सतपुड़ा फेस्टिवल परंपरागत आदिवासी खानों से भरा हुआ है और होटल का माहौल भी वहां की संस्कृति से जोड़ा गया है। होटल में जाते से ह एक अलग फीलिंग आती है। मिट्टियों की हांडियों में खाना बनता हुआ देखना लकड़ी की धीमी आंच खाने के स्वाद को और बढ़ा देती है। महुआ की पुड़ी तो मेरे लिए यादगार बन गई। मैंने बहुत पुडिय़ां खाईं है पर ऐसी पुड़ी कभी नहीं खाई। चाहे वो खीर हो या लड्डू हो अपने आप में अलग स्वाद समेटे हुए थे। कॉकटेल और मॉकटेल भी महुआ के साथ एक अलग स्वाद आ रहा था। सामान्य तौर पर जो फूड फेस्टिवल होते है वो लगभग एक जैसे होते है। पर ये सतपुड़ा फस्टिवल हर खाने की अपनी एक अलग कहानी अपने आप में लिए हुए हैं। चाहे वो वेज खाना हो या नानवेज। कडक़नाथ मुर्गे के साथ धीमी आंच पर पका हुआ अलग स्वाद में खिलाया गया। मैंने तो इस फेस्टिवल को खूब एंज्वाय किया आपको भी ऐसा अवसर हीं छोडऩा चाहिए कि सामने की खाना बनते हुए देखने और मिट्टी के बर्तनों में खाने का अलग अनुभव मिलता है। यह पूरी जानकारी शैफ अनूप ने दी जिन्होंने सतपुड़ा में आदिवासी और खाना बनाने वालों के साथ एक लंबा समय गुजारा। सारी चीजों समझने के बाद इस आयोजन को अमलीजामा पहनाया।