भोपाल। कांग्रेस आईटी सेल के नए अध्यक्ष अभय तिवारी का एक और फजीर्वाड़ा सामने आया है। सात साल पहले भिंड के तत्कालीन सांसद रामलखन सिंह के साथ मिलकर जिले के 23 स्कूलों में कंप्यूटर लगाने के नाम पर 1.29 करोड़ रुपए का फजीर्बाड़ा किया था। जांच के बाद ईओडब्ल्यू ने जुलाई में भिंड के तत्कालीन कलेक्टर मुक्तेश बार्ष्णेय, पूर्व सांसद रामलखन सिंह, अभय तिवारी समेत अन्य के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है।
FIR against Congress IT chief in 1.29 crore scandal, then MP and collector of Bhind caught in scam
तिवारी ने मेसर्स कंप्यूटर स्टडीज एन्ड सर्विसेज रीवा के नाम से भिंड के तत्कालीन सांसद रामलखन सिंह की निधि से जिले के 23 स्कूलों में कंप्यूटर लगाने का काम लिया था। जबकि स्कूलों में कंप्यूटर ही नहीं लगे थे। इस मामले की ईओडब्ल्यू में शिकायत दर्ज की गई थी। लंबी जांच के बाद ईओडब्ल्यू ने केस दर्ज किया है। उल्लेखनीय है कि तिवारी पर जिस कार्य में घोटाले के आरोप है। उसी काम के लिए भाजपा के सांसद मेघराज जैन, मनोहर ऊंटवाल एवं चिंतामणि मालवीय ने 1 करोड़ से ज्यादा की निधि अभय तिवारी के एनजीओ को देने की सिफारिश की है।
विधानसभा में भी उठ चुका है मामला
भाजपा विधायक नरेंद्र कुशवाह, कांग्रेस विधायक आरिफ अकील सहित अन्य विधायकों ने यह मामला विधानसभा में उठाया था। 23 फरवरी 2017 की विधानसभा की कार्यवाही में नरेंद्र सिंह कुशवाह के प्रश्न पर हुई थी बहस।
मैंने कंप्यूटर सप्लाई किए थे, लेकिन एक साल बाद ही कलेक्टर ने हमेंं हटा दिया था और भुगतान भी नहीं किया था। 2007 में संभागायुक्त ने जांच की थी, जिसमें 85 फीसदी कंप्यूटर चालू पाए गए थे। मई 2018 में मेरे कांग्रेस में आने के बाद ही ईओडब्ल्यू ने यह केस दर्ज किया है।
अभय तिवारी, अध्यक्ष, आईटी सेल प्रदेश कांग्रेस
मुझे अभी-अभी एफआईआर की कॉपी मिली है, इस संबंध में प्रदेशाध्यक्ष को अवगत कराऊंगी। वो जैसा निर्देश देंगे, कार्रवाई की जाएगी।
शोभा ओझा, मुख्य प्रवक्ता,मप्र कांग्रेस

