राहुल गांधी को विदेशी खून बताने वाले जय प्रकाश को मायावती ने उपाध्यक्ष पद से हटाया

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लखनऊ। बसपा सुप्रीमो मायावती ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को ‘विदेशी खून’ बताते हुए उनकी पीएम दावेदारी पर सवाल उठाने वाले जय प्रकाश सिंह की पार्टी से छुट्टी कर दी। मायावती ने जय प्रकाश को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पद से हटाते हुए पार्टी नेताओं को चेतावनी दी कि वह पार्टी लाइन से अलग बयान न दें। मंगलवार को खुद बीएसपी सुप्रीमो मायावती प्रेस के सामने आईं और सिंह को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व कोआॅर्डिनेटर पद से हटाने का ऐलान किया। मायावती ने कहा कि जय प्रकाश सिंह का बयान उनकी व्यक्तिगत सोच है और पार्टी उससे इत्तेफाक नहीं रखती। बता दें कि बीएसपी की ओर से आए इस बयान के बाद तीन चुनावी राज्यों में दोनों दलों के बीच गठबंधन की संभावना खतरे में पड़ती दिख रही थी।
Mayawati removed Jai Prakash, who has told Rahul Gandhi a Foreign blood, as vice president
माया ने तुरंत किया डैमेज कंट्रोल
करीब 2 महीने पहले ही कर्नाटक में मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी के शपथग्रहण समारोह में सोनिया गांधी और बीएसपी चीफ मायावती के बीच जबरदस्त केमिस्ट्री देखने को मिली थी। लेकिन बीएसपी के एक बड़े नेता द्वारा राहुल गांधी के विदेशी खून का मुद्दा उठाने से साफ-साफ संदेश जा रहा था कि गैरबीजेपी दलों के संभावित महामोर्चे में पीएम पद की दावेदारी को लेकर जबरदस्त ‘मारामारी’ है। जय प्रकाश सिंह का बयान ऐसे वक्त में आया था जब बीएसपी और कांग्रेस के बीच मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में विधानसभा चुनावों के लिए गठबंधन को लेकर चर्चा चल रही थी। सिंह के बयान से गठबंधन की कोशिशों को झटका लग सकता था, यही वजह है कि मायावती ने सिंह के खिलाफ तत्काल कार्रवाई कर डैमेज कंट्रोल किया।

क्या कहा था जय प्रकाश सिंह ने
हाल ही में बीएसपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाए गए जय प्रकाश सिंह ने लखनऊ में पार्टी कार्यकतार्ओं को संबोधित करते हुए वंशवादी राजनीति पर हमला बोला था। सिंह ने जहां राहुल गांधी के ‘विदेशी खून’ का हवाला देकर उन्हें देश का नेतृत्व करने के लिए नाकाबिल बताया, वहीं यह भी कहा कि अगला नेता पेट से नहीं बल्कि पेटी (बैलट बॉक्स) से आएगा।

‘नेता पेट से नहीं पेटी से पैदा होगा’
सोमवार को लखनऊ में बीएसपी कार्यकतार्ओं की रैली थी। इसी रैली में जय प्रकाश ने राहुल गांधी पर हमला बोला। उन्होंने कहा, ‘पूर्व प्रधानमंत्री रहे अपने पिता राजीव गांधी की तरह उनसे कुछ उम्मीद थी। हालांकि वह अपनी मां सोनिया गांधी के पदचिन्हों पर चले। उनकी मां एक विदेशी हैं और इसलिए राहुल गांधी कभी भी भारतीय राजनीति में सफल नहीं होंगे। उनका विदेशी खून देश का नेतृत्व करने की इजाजत नहीं देता। राजा अब रानी से पैदा नहीं होगा। अगला नेता पेट से नहीं पेटी (बैलट बॉक्स) से पैदा होगा।’