हत्या का आरोपी हिम्मत पाटीदार चढ़ा पुलिस के हत्थे, किए चौंकाने वाले खुलासे

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रतलाम। खुद को मरा साबित करने के इरादे से अपने नौकर की हत्या करने वाले आरएसएस कार्यकर्ता हिम्मत पाटीदार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। हिम्मत ने जो खुलासे किए हैं, वो वाकई चौंकाने वाले हैं। हिम्मत ने पुलिसिया पूछताछ में बताया कि उसने 26 लाख का कर्ज चुकाने के लिए ही अपनी कद काठी के शख्स की हत्या की। ताकि बीमे की रकम हासिल कर अपना कर्जा उतार सके। उसने पुलिस को बताया कि पहले वो अपनी कद काठी के शख्स कालू की हत्या करना चाहता था। इसकी पूरी प्लानिंग भी उसने कर ली थी।
Police arrested Hitesh Patiyar, accused of murder, made surprising disclosures
लेकिन वो जब रात में खेत पर नहीं आया तो उसके बदले मदन को मौत के घाट उतार दिया। फरारी के दौरान हिम्मत रुनिजा, उज्जैन और खाचरोद में घूमता रहा। जांच में उसने पुलिस को बताया कि टीवी और फिल्मों में बीमे की राशि को लेकर किए जाने वाले अपराध को देखकर हत्या की। कमेड हत्याकांड के आरोपी हिम्मत पाटीदार को पुलिस ने राजस्थान से एक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल के पास से गिरफ्तार किया। उल्लेखनीय है की खुद ह्त्या की साजिश कर फरार हुए हिम्मत पाटीदार को पकड़ने के लिए रतलाम एसपी गौरव तिवारी ने पांच अलग अलग टीमें गठित की थीं।

पूरा मामला
कमेड़ गांव में 23 जनवरी को खेत में एक लाश मिली थी। जिसका चेहरा जलाने की कोशिश की गई थी। शुरूआती जांच में लाश आरएसएस कार्यकर्ता हिम्मत पाटीदार की होने का पता चला। लेकिन जब गांव के ही दूसरे शख्स की गुमशुदगी की बात पुलिस को पता चली तो जांच का दायरा बदला। पुलिस ने लाश का डीएनए टेस्ट कराया तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। जिस लाश की शिनाख्त हिम्मत के रुप में हुई थी। वो गुमशुदा मदन निकला। इसके बाद पुलिस को हिम्मत पर शक गहरा गया और जांच के बाद ये खुलासा हुआ कि जिसे मरा हुआ माना जा रहा था, वो ही असली हत्यारा निकला।

इससे पहले पुलिस कंट्रोल रूम पर एसपी गौरव तिवारी ने मामले की जानकारी दी थी। एसपी ने बताया कि 23 जनवरी को कमेड़ में मृतक के पिता ने ही पुलिस को सूचना दी थी कि उसके बेटे हिम्मत पाटीदार की हत्या कर चेहरा जला दिया गया है। मामले में प्रारंभिक रूप से परिजनों ने मृतक की पहचान कपड़ों, सामान के आधार पर हिम्मत के रूप में की थी, लेकिन जब जांच आगे बढ़ी तो यह बात पुलिस के सामने आई कि 2 साल पहले हिम्मत के खेत पर काम करने वाला मदन भी गायब है। पहले पुलिस को लगा कि मदन कातिल है, लेकिन जैसे-जैसे मृतक की डायरी से बीमा नंबर, एफडी, पिन नंबर आदि की जानकारी मिली, मृतक के फोन से सारा डाटा गायब था। इस आधार पर पुलिस को शंका हुई। इसके बाद पुलिस ने डीएनए टेस्ट करवाया तो पूरा खुलासा हो गया।