संस्थाएँ एक होकर रहें, मैं हमेशा मजबूती प्रदान करूँगा – शंकर ललवानी

0
605

TIO, इंदौर  

समाज की समस्त संस्थाये *मोती की माला में मोती बन कर एकजुट रहे और में माला का धागा बन के हमेशा इस माला को मजबूती प्रदान करूँगा* । आज का यह आयोजन मेरे उस सपने को साकार कर रहा है जिसमे मैंने पूरे समाज को एक मोती की माला की तरह एकजुट होकर भगवान झूलेलाल की छत्री में आने का देखा था ।  भविष्य में भी इन बच्चो से आशा करता हूं कि  सब उच्च शिक्षा प्राप्त कर समाज के साथ साथ देश का भी नाम रोशन करे और हम सब मिलकर इन बच्चो का हमेशा इसी तरह सहयोग करते रहेंगे । उक्त उद्धबोधन सिंधू एजयुकेशन फाउंडेशन के शेक्षणिक सहायता के आयोजन में इंदौर के सांसद और पूरे देश में सिंधी समाज की आन-बान-शान श्री शंकर लालवानी जी ने कहे ।
कार्यक्रम समन्यवक राजकुमार हरियानी और प्रचार प्रमुख नरेश फुंदवानी ने बताया कि प्रदेश में पहली बार *आज 21 जुलाई 2019,रविवार* को शहर के सक्खर पैलेस में शहर की अनेक सामाजिक संस्थायों द्वारा एक मंच पर शेक्षणिक सहायतार्थ का आयोजन किया गया जिसमें *सिंधी समाज के 733 विद्यार्थियों को 22 लाख की शैक्षणिक सहायता* का वितरण किया गया । प्रति वर्ष इंदौर की विभिन्न संस्थाओं द्वारा अलग अलग स्थानों पर शिक्षण शुल्क का वितरण किया जाता था लेकिन इस बार समाज की विभिन्न संस्थाओ द्वारा *एक साथ एक मंच और एक ही स्थान पर समस्त विद्यार्थियों को एक ही दिन एक समान  शिक्षण शुल्क राशि* का वितरण किया गया ।
*सिंधू एजयुकेशन फ़ाउंडेशन* संस्था का गठन समाजनो और संस्थायों द्वारा मिलकर किया गया है जिसमे समाज की *पूज्य रोपाह धार्मिक एवं पारमार्थिक ट्रस्ट,पूज्य सक्खर सिंधी पंचायत एवं ट्रस्ट, पूज्य शिकारपुर सिन्धी धार्मिक ट्रस्ट,पूज्य श्री जेकबआबाद सिंधी ट्रस्ट,हरनाम लक्ष्मी खुशी चैरिटी ट्रस्ट,एकता ग्रुप,नम्रता संगठन,सिंधू परिषद,बाबा श्री हरकिशनदास सेवा समिति,श्री अमर आश्रम एवं पारमार्थिक ट्रस्ट* ने मिलकर एक साथ प्रदेश मे पहली बार ऐसा अनुठा कार्यक्रम किया गया । इस अवसर पर होनहार बच्चो के साथ साथ *सहयोगी सामाजिक संस्थायों और शैक्षणिक संस्थाओं* का भी सम्मान किया गया । कार्यक्रम की शुरुवात इष्टदेव भगवान झूलेलाल और माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ की गई ।  आमंत्रित अतिथियों का स्वागत रवि भाटिया,प्रकाश लालवानी,अजय शिवानी व जय ककवानी ने किया । कार्यक्रम का सफल संचालन श्रीमती जयश्री वीरानी ने किया और आभार दीपक बाबा ने माना।