भोपाल। कमलनाथ मंत्रिमंडल में मंत्री नहीं बन पाने पर कई विधायकों की नाराजगी नजर आई है। कुछ विधायक बैठक में ही नहीं आए तो निर्दलीय विधायकों के साथ बसपा व सपा विधायकों ने बैठक की। निर्दलीय विधायक ठा. सुरेंद्र सिंह शेरा भैया ने बैठक में जहां मंत्री नहीं बनाए जाने पर नाराजी दिखाई। और उन्होंने कहा कि उन्हें मंत्री बनाने का वादा तोड़ा गया। कमलनाथ मंत्रिमंडल के 28 मंत्री जब शपथ ले रहे थे, तब तीनों निर्दलीय विधायक बुरहानपुर के ठा. सुरेंद्र सिंह शेरा भैया, भगवानपुरा के केदार डाबर और सुसनेर के विक्रम सिंह राणा गुड्डू भैया, बहुजन समाज पार्टी के विधायक संजीव सिंह व रामबाई सिंह और समाजवादी पार्टी के राजेश शुक्ला एक होटल में बैठक कर रहे थे।
Many MLAs angry at not being appointed minister, meeting of SP-BSP legislators with independents
विधानसभा चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद कांग्रेस ने दो निर्दलीयों को मंत्री पद दिए जाने की बात कही थी, जिनमें प्रदीप जायसवाल और ठा. सुरेंद्र सिंह का नाम शामिल था। सूत्रों के मुताबिक बैठक में एकमात्र निर्दलीय विधायक प्रदीप जायसवाल को मंत्री बनाए जाने पर नाराजगी जताई। सुरेंद्र सिंह ने साथियों को अपनी मन की पीड़ा बताई। मोबाइल फोन पर चर्चा में कांग्रेस विधायक डॉ. हीरालाल अलावा ने बैठक का समर्थन किया।
इधर, जब बैठक को लेकर केदार डाबर, राजेश शुक्ला और संजीव सिंह कहा कि हम लोग वैसे ही एक साथ बैठे थे। शुक्ला और संजीव सिंह ने कहा कि हम तो सरकार को बाहर से समर्थन दे रहे हैं, मंत्रिमंडल से हमारा कोई मतलब नहीं। संजीव सिंह से जब पूछा कि क्या भाजपा नेताओं से संपर्क में हैं तो उन्होंने कहा कि राजनीति कर रहे हैं तो सबसे बातचीत करना पड़ती है।
मंत्री नहीं बनाया तो समारोह में नहीं आए
कांग्रेस के कई विधायक मंत्री के दावेदार थे, लेकिन जब सूची में उनका नाम नहीं आया तो वे शपथ ग्रहण समारोह में ही नहीं आए। बदनावर से विधायक राजवर्द्धन सिंह को मंत्री नहीं बनाए जाने पर उनके समर्थकों ने पीसीसी पहुंचकर नाराजगी जताई। इसी तरह पिछोर के वरिष्ठ विधायक केपी सिंह के समर्थकों ने उनके भोपाल स्थित आवास पर जमा होकर नाराजगी दिखाई।
जब सिंह से इस बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि वे भोपाल में नहीं हैं और उनके आवास पर जो लोग गए, वे भाजपा के प्रायोजित लोग हो सकते हैं। वहीं, कांग्रेस विधायक बिसाहूलाल सिंह, हरदीप डंग, झूमा सोलंकी, हिना कांवरे आदि शपथ ग्रहण समारोह में दिखाई नहीं दिए। इन सभी के नाम संभावित मंत्रियों की सूची की चर्चा में चल रहे थे।

